ईरान- अमेरिका युद्ध वैश्विक व्यापार के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। पूरी दुनिया के नेता इस समस्या का समाधान निकालने के लिए हर तरह के कोशिशें कर रहे है।
Strait of Hormuz Routes : ईरान- अमेरिका युद्ध वैश्विक व्यापार के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। पूरी दुनिया के नेता इस समस्या का समाधान निकालने के लिए हर तरह के कोशिशें कर रहे है। खबरों के अनुसार, दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग ने कहा है कि होर्मुज स्ट्रेट से सुरक्षित रास्ता सुनिश्चित करने के लिए दक्षिण कोरिया और भारत को मिलकर काम करने की जरूरत है। साथ ही ग्लोबल सप्लाई चेन को स्थिर करने के लिए दोनों देशों को साथ आना चाहिए।
योनहाप न्यूज एजेंसी के अनुसार, राष्ट्रपति ली जे-म्युंग (President Lee Jae-myung) ने सोमवार को छपे एक इंटरव्यू में ये बातें कही हैं। भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ अपनी समिट बातचीत से पहले टीओआई को उन्होंने एक इंटरव्यू दिया।
सप्लाई चेन बाधित
राष्ट्रपति जे-म्युंग ने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच लंबे समय से चल रहे युद्ध और फिर युद्धविराम (Ceasefire) में भी तनातनी की वजह से जरूरी शिपिंग रूट (Shipping Route) बंद है। इससे दुनिया भर में तेल की कीमतें बढ़ रही हैं। इसके साथ ही जरूरी इंडस्ट्रियल मटीरियल की सप्लाई चेन भी बाधित हो रही है।
ये है ली की योजना
राष्ट्रपति ली ने कहा कि दक्षिण कोरिया, रणनीतिक रूट से सुरक्षित रास्ता सुनिश्चित करने और वैश्विक अर्थव्यवस्था में अनिश्चितताओं को दूर करने के लिए प्रयास करनेगा। साथ ही एनर्जी सप्लाई चेन में विविधता लाने के लिए मल्टीलेटरल कोशिशों में भारत के साथ मिलकर काम करेगा।
कोरिया भारत के साथ करीबी बातचीत बनाए रखेगा
सभी जहाज होर्मुज स्ट्रेट से सुरक्षित गुजरना सुनिश्चित करेगा
अंतरराष्ट्रीय फोरम पर भी साथ मिलकर काम करते रहेंगे