यूपी विधानमंडल के नेता सदन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Chief Minister Yogi Adityanath) के भाषण पर जवाब देते हुए सपा विधायक संग्राम यादव (SP MLA Sangram Yadav) ने कहा कि आज जब सदन का विशेष सत्र बुलाया गया तो उम्मीद थी कि मुख्यमंत्री जी नारी सशक्तिकरण (Women's Empowerment) पर अपनी बात रखेंगे पर उन्होंने यहां प्रवचन किया।
लखनऊ। यूपी विधानमंडल के नेता सदन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Chief Minister Yogi Adityanath) के भाषण पर जवाब देते हुए सपा विधायक संग्राम यादव (SP MLA Sangram Yadav) ने कहा कि आज जब सदन का विशेष सत्र बुलाया गया तो उम्मीद थी कि मुख्यमंत्री जी नारी सशक्तिकरण (Women’s Empowerment) पर अपनी बात रखेंगे पर उन्होंने यहां प्रवचन किया। यही बातें मुख्यमंत्री ने राज्यपाल के अभिभाषण पर कहीं। यही बातें मुख्यमंत्री ने बजट भाषण में कही और आज जब पूरे देश की नजर इस सदन की कार्रवाई पर हैं तो मुख्यमंत्री ने यहां पर भी वही पुराना कैसेट जारी कर दिया।
बीजेपी सरकार अपनी राजनीति का देखती है नफा-नुकसान : शिवपाल सिंह यादव
समाजवादी पार्टी के नेता शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि ऊपर से संदेश आ गया होगा। एक दिन का सत्र बुला लिया गया है। सरकार का केवल एक एजेंडा है कि ये लोग महिलाओं को अपने पक्ष में दिखाएं। यह संसार का सबसे बड़ा झूठ है। ये लोग अपनी राजनीति में फायदा और नुकसान देखते हैं। महिला आरक्षण बिल 2023 में लागू हो गया था तो उसे लागू करना चाहिए। उन्हें यहां इसका प्रस्ताव पास करना चाहिए और हम इसका समर्थन करेंगे। हम लोगों ने हमेशा महिलाओं को आगे बढ़ाने का काम किया है। सरकार महिलाओं को भ्रमित करती है।
यह आरक्षण बिल सामाजिक न्याय के खिलाफ : रविदास मेहरोत्रा
समाजवादी पार्टी नेता रविदास मेहरोत्रा ने कहा कि आज विधानसभा का एक दिवसीय सत्र बुलाया गया है, इसमें महिला आरक्षण पर चर्चा होनी है। समाजवादी पार्टी का कहना है कि हम चाहते हैं कि महिलाओं को आरक्षण मिले लेकिन इसमें दलित, पिछड़े वर्ग की महिलाओं, अल्पसंख्यक महिलाओं को भी आरक्षण मिलना चाहिए। हम सामाजिक न्याय के पक्षधर हैं, यह आरक्षण बिल सामाजिक न्याय के खिलाफ है। महिलाओं को उनका हक, न्याय, सम्मान, रोजगार मिले। बीजेपी जनता को गुमराह कर रही है।
समाजवादी पार्टी हमेशा समानता की बात करती है, हम बीजेपी का पर्दाफ़ाश करेंगे
समाजवादी पार्टी के नेता संग्राम सिंह यादव ने कहा कि सरकार ने 5 घंटे की चर्चा को मंज़ूरी दी है। एकजुट विपक्ष ने समय बढ़ाने की मांग की थी, लेकिन हमारी बातों पर पूरा ध्यान नहीं दिया जा रहा है। वे सिर्फ़ खानापूर्ति करके देश और राज्य में भ्रम पैदा करना चाहते हैं। वे महिला आरक्षण बिल की आड़ में परिसीमन बिल ले आए, इसीलिए वह पास नहीं हो पाया, और अब वे कह रहे हैं कि समाजवादी पार्टी महिला-विरोधी है। समाजवादी पार्टी हमेशा समानता की बात करती है। हमारी पार्टी हमेशा कमज़ोरों, पिछड़ों, दलितों, आदिवासियों, मुसलमानों और महिलाओं के साथ खड़ी रहती है। हम बीजेपी का पर्दाफ़ाश करेंगे।
सपा ने लगाया झूठ फैलाने का आरोप, नारी वंदन का ढोंग रचने वाली भाजपाई सोच वस्तुतः नारी विरोधी है
अति निंदा प्रस्ताव में कहा गया कि हम इस बात की भी घोर निंदा करते हैं कि भाजपा महिला आरक्षण को लेकर झूठ फैला रही है कि यह बिल विपक्ष ने पास नहीं होने दिया। जबकि, यह बिल सभी दलों ने मिलकर पास किया था और जो बिल पास नहीं हो सका वो दरअसल परिसीमन बिल था। भाजपा ने महिला आरक्षण में पिछड़ी व अल्पसंख्यक महिलाओं के राजनीतिक प्रतिनिधित्व के प्रश्न पर कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं किया है।
बीजेपी जनता को गुमराह कर रही : सपा नेता ज़ाहिद बेग
महिला आरक्षण बिल पर उत्तर प्रदेश विधानसभा के विशेष सत्र से पहले समाजवादी पार्टी के नेता ज़ाहिद बेग ने महिला आरक्षण बिल का विरोध किया। उन्होंने कहा कि आज इन्होंने विधानसभा बुलाई है। ये विधानसभा उस बिल के लिए बुला रहे हैं जिसे संसद पहले ही खारिज कर चुकी है। इसके लिए विधानसभा बुलाने का कोई औचित्य नहीं था। बीजेपी के लोग जनता और महिलाओं को गुमराह कर रहे हैं ताकि इसे लागू न किया जाए। अखिलेश यादव की मांग है कि पिछड़े वर्गों को भी आरक्षण दिया जाए। बीजेपी ने यह सब उत्तर और दक्षिण में विवाद पैदा करने के लिए किया है।
नारी वंदन का ढोंग रचने वाली भाजपाई सोच वस्तुतः नारी विरोधी है। भाजपा उस वातावरण को बनने नहीं देना चाहती, जहां नारी-पुरुष की समानता की बात हो। हमारे देश में भगवानों के नाम में स्त्री-पुरुष के साथ-साथ नाम लेने की स्वस्थ परंपरा को भी इन्होंने तोड़ा है। हम इस बात की भी घोर निंदा करते हैं कि भाजपा नारी को नारा बनाना चाहती है, जिससे सच में उन्हें अधिकार न देकर केवल दिखावटी सहानुभूति का नाटक रचा जा सके।
सपा ने पास किया अति निंदा प्रस्ताव, बोले- परिसीमन की थी साजिश
विशेष सत्र में शामिल होने के लिए पहुंचे सपा विधायकों ने पीएम मोदी की तस्वीर लगाकर विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण विधेयक लागू किया जाए। सदन के विशेष सत्र में शमिल होने के लिए पहुंचे सपा विधायकों ने महिला आरक्षण को लागू करने की मांग की और सदन की गैलरी में तख्ती लेकर पहुंचे।
इसके पहले, बुधवार को सपा विधानमंडल दल की बैठक में महिला आरक्षण के बहाने परिसीमन की कथित साजिश के खिलाफ अति निंदा प्रस्ताव पारित किया गया। इस दौरान सपा अध्यक्ष और पूर्व सीएम अखिलेश यादव भी मौजूद रहे। विधानसभा में नेता विरोधी दल माता प्रसाद पांडेय ने निंदा प्रस्ताव पारित घोषित किया। अति निंदा प्रस्ताव में कहा गया है कि हम केंद्र की भाजपा व उनकी सहयोगी दलों की घोर निंदा करते हैं जो महिला आरक्षण का ढोंग करती हैं। जिनका मंसूबा इस बिल के बहाने निर्वाचन क्षेत्रों का मनचाहा परिसीमन करके चुनाव जीतना था, न कि सच में महिलाओं को उनके अधिकार देकर उनका सशक्तीकरण करना।