01नवम्बर 2025 का राशिफल: 1 नवंबर 2025, शनिवार को चंद्रमा के छठे भाव में गुरु और आठवें भाव में कन्या राशि में शुक्र के होने से अधि योग का निर्माण हो रहा है। इस योग के प्रभाव से व्यक्ति को शत्रुओं विजय प्राप्त होती है और कर्जों से छुटकारा मिलता
01नवम्बर 2025 का राशिफल: 1 नवंबर 2025, शनिवार को चंद्रमा के छठे भाव में गुरु और आठवें भाव में कन्या राशि में शुक्र के होने से अधि योग का निर्माण हो रहा है। इस योग के प्रभाव से व्यक्ति को शत्रुओं विजय प्राप्त होती है और कर्जों से छुटकारा मिलता
Dev Uthani Ekadashi 2025 : देवउठनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु के योगनिद्रा से जागते हैं। इस दिन से शुभ कार्यों की शुरुआत होती है। ज्योतिष उपायों के अनुसार, इस दिन भगवान विष्णु, मां लक्ष्मी और तुलसी की पूजा से दरिद्रता दूर होती है और सुख-समृद्धि मिलती है। तुलसी विवाह,
Vivah muhurat 2025 : सनातनी जीवन पद्धति में शुभ समय और मुहूर्त का विशेष महत्व है। पौराणिक मान्यता है कि शुभ मुहूर्त में मांगलिक कार्य करने से वे दीर्घजीवी होते है। पंचांग के अनुसार इस साल कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी यानी देवउठनी एकादशी का पर्व 01 नवंबर
31 अक्टूबर 2025 का राशिफल : शुक्रवार 31 अक्टूबर को कार्तिक मास की नवमी तिथि है। ऐसे में देवी लक्ष्मी के साथ भगवान विष्णु होंगे। जबकि चंद्रमा का गोचर कुंभ राशि में होगा और चंद्रमा पर मंगल की चतुर्थ दृष्टि होने से धन लक्ष्मी योग भी बनेगा। चंद्रमा छठे और
Tulsi Vivah 2025 : तुलसी विवाह हर साल कार्तिक माह की द्वादशी तिथि (देवउठनी एकादशी के अगले दिन) को मनाया जाता है। इस साल तुलसी विवाह 2 नंवबर को है। यह दिन भगवान विष्णु और देवी तुलसी (लक्ष्मी का एक रूप) के विवाह का प्रतीक है और शुभ कार्यों की
लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Chief Minister Yogi Adityanath) ने गुरुवार को एक उच्चस्तरीय बैठक में 05 नवम्बर को वाराणसी में आयोजित होने वाली देव दीपावली 2025 (Dev Deepawali 2025) की तैयारियों की विस्तारपूर्वक समीक्षा की। उन्होंने कहा कि देव दीपावली (Dev Deepawali) काशी की सनातन परंपरा, गंगा आराधना और लोकआस्था
Dev Uthani Ekadashi 2025 : हर साल कार्तिक माह की शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को देवउठनी एकादशी मनाने का विधान है। पंचांग के अनुसार इस साल गृहस्थ भक्त जन 01 नवंबर को तो वहीं वैष्णव परंपरा से जुड़े लोग 02 नवंबर को अपनी-अपनी आस्था और परंपरा के अनुसार मनाएंगे।
30 अक्टूबर 2025 का राशिफल : 30 अक्टूबर गुरुवार को कार्तिक मास की शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि है, जिसे गोपाष्टमी के नाम से भी जाना जाता है। इसके साथ ही चंद्रमा का संचार दिन रात शनि की राशि मकर में होने जा रहा है और इन सबके बीच सूर्य,
Tulsi Vivah 2025 : कार्तिक माह में तुलसी के पौधे की विशेष पूजा का विधान है। हिंदू धर्म में तुलसी विवाह का विशेष महत्व है। सनातन धर्म में पूरे विधि-विधान से तुलसी माता का भगवान विष्णु के शालिग्राम स्वरूप से विवाह कराने की परंपरा है। पंचांग के अनुसार, कार्तिक मास
Akshaya Navami 2025 : कार्तिक मास के शुक्लपक्ष की नवमी की तो इसे हिंदू धर्म में आंवला नवमी या फिर अक्षय नवमी के नाम से जानते हैं। आंवला नवमी के दिन व्रत रखकर आंवले के पेड़ और भगवान विष्णु का पूजन किया जाता है। मान्यता है कि इस दिन आंवले
29 अक्टूबर 2025 का राशिफल : 29 अक्टूबर बुधवार का दिन कई राशियों के लिए शुभ रहेगा। मेष, मिथुन, कर्क और मकर राशि वालों को करियर, धन और परिवार में सफलता मिलेगी। सिंह राशि वालों के लिए शिक्षा और सामाजिक प्रतिष्ठा बढ़ाने का दिन रहेगा। वहीं वृषभ, धनु और कुंभ
Shukra Gochar october : वैभव और प्रेम के दाता ग्रह शुक्र देव नक्षत्र परिवर्तन करेंगे। ऐश्वर्य के देवता द्रिक पंचांग के अनुसार, मंगलवार 28 अक्टूबर 2025 की सुबह में 05:17 AM बजे शुक्र ग्रह हस्त नक्षत्र से निकलकर चित्रा नक्षत्र में प्रवेश करेंगे। शुक्र देव के इस गोचर का असर
Gopashtami 2025 Date : हिंदू धर्म में भगवान कृष्ण की उपासना के लिए गोपाष्टमी पर्व (Gopashtami 2025) का बेहद खास महत्व है। हर साल कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि के दिन गोपाष्टमी का पर्व मनाया जाता है। गोपाष्टमी के दिन गौ माता का पूजन किया जाता है
कानपुर। पवित्र अनुष्ठान छठ पूजा के चार दिनों में हर दिन का विशेष महत्व होता है। नहाय-खाय के साथ इस पावन पर्व की शुरुआत होती है और उषा अर्घ्य के साथ व्रत का समापन होता है। इस साल छठ व्रत की शुरुआत 25 अक्टूबर से हुई है और 28 अक्टूबर
Kartik Purnima 2025 : कार्तिक मास की पूर्णिमा को बहुत पुनीत माना जाता है। इस दिन दीपदान और पवित्र नदियों में स्नान का विशेष महत्व है।पौराणिक मान्यता के अनुसार, इस दिन दान करने से परिवार में सुख और समृद्धि का आगमन होता है, साथ ही कष्टों का निवारण भी होता