बारिश के मौसम में जहां चाय-पकौड़े स्वादिष्ट तो लगते हैं वहीं लकड़ी के फर्नीचर को फंगस और सीलन लगने डर बना रहता है। बारिश में सोफे,महंगे वुड के फर्नीचर में सफेद रंग की फंगस जमना अलमारी से अजीब सी बदबू आना या दराजों का टाइट हो जाना ये सब इस मौसम की आम परेशानियां हैं।
Rain wood furniture : बारिश के मौसम में जहां चाय-पकौड़े स्वादिष्ट तो लगते हैं वहीं लकड़ी के फर्नीचर को फंगस और सीलन लगने डर बना रहता है। बारिश में सोफे,महंगे वुड के फर्नीचर में सफेद रंग की फंगस जमना अलमारी से अजीब सी बदबू आना या दराजों का टाइट हो जाना ये सब इस मौसम की आम परेशानियां हैं। अगर समय रहते ध्यान न दिया जाए, तो लाखों का फर्नीचर चंद दिनों में बर्बाद हो सकता है। अगर आप भी अपने महंगे फर्नीचर को खराब होने से बचाना चाहते हैं, तो इन आसान और असरदार तरीके अपना सकते हैं।
दीवार से दूरी
बारिश के दिनों में घर की दीवारें सबसे ज्यादा नमी सोखती हैं। अगर आपका कीमती सोफा, बेड या अलमारी सीधे दीवार से सटकर रखी है, तो दीवार की सीलन तुरंत लकड़ी में ट्रांसफर हो जाएगी। महंगे फर्नीचर को दीवार से कम से कम 6 से 7 इंच आगे खिसका कर रखें।
कपूर और नैफ्थलीन बॉल्स
अलमारी के अंदर कपड़ों और लकड़ी को फंगस से बचाना सबसे बड़ा टास्क होता है।
अलमारी के कोनों में नैफ्थलीन की गोलियां या कपूर के टुकड़े रख दें। कपूर नमी को सोख लेता है और इसकी खुशबू से फंगस वाले कीड़े और कीटाणु दूर भागते हैं।
सिल्का जेल
सिल्का जेल के पाउच नमी को सोखने में उस्ताद होते हैं। इन्हें अपनी अलमारी, दराजों या महंगे कैबिनेट के अंदर रख दें।
वेंटिलेशन और धूप
धूप निकलने पर घर की खिड़कियां खोल दें ताकि ताजी हवा और रोशनी अंदर आ सके। घर के अंदर हवा का फ्लो (Ventilation) अच्छा रहेगा, तो सीलन टिक नहीं पाएगी।